A student of Inter, who lives in Munger, hanged himself in the lodge. | मुंगेर के रहने वाले इंटर के छात्र ने लाॅज में फांसी लगा कर दे दी जान

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भागलपुर15 दिन पहले

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  • कारपेंटर पिता ने कहा- बेटे को पढ़ने भेजा था भागलपुर
  • शनिवार की रात मां से फोन पर की थी बात
  • सुबह कमरे में पंखे से लटकती मिली लाश

किला घाट मेला मैदान के सामने मुन्ना लॉज में रहने वाले इंटर के छात्र अंकित कुमार शर्मा (16) ने रविवार सुबह में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक संग्रामपुर (मुंगेर जिला) के पौड़िया गांव निवासी कारपेंटर प्रदीप शर्मा का बड़ा पुत्र था। अंकित संग्रामपुर कॉलेज में आईएससी में पढ़ता था और भागलपुर में रहकर कोचिंग करता था।

घटना के बाद मृतक के पिता प्रदीप शर्मा, मां कंचन देवी समेत अन्य परिजन गांव भागलपुर पहुंच गए। परिजनों की मौजूदगी में तातारपुर पुलिस ने कमरे का दरवाजा तोड़ कर अंकित की लाश को फंदे से निकाला। उसने सीलिंग फैन में गमछा से फांसी लगाई थी।

कोई सुसाइड नोट नहीं मिलने से आत्महत्या के कारण स्पष्ट नहीं हो पाया। मामले में मृतक के पिता प्रदीप शर्मा ने तातारपुर थाने में यूडी केस दर्ज कराया है। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने लाश परिजनों को सौंप दिया। दो भाइयों में अंकित बड़ा था। उसके छोटे भाई का नाम मोनू है, जो गांव में माता-पिता के साथ रहता है।

मामा और मौसेरे भाई के साथ लॉज में रह पढ़ाई कर रहा था अंकित
पिता ने बताया कि अंकित अपने मामा जयराम शर्मा उर्फ छोटू और मौसेरा भाई इशु के साथ लॉज में रहता था। जयराम और इशु दोनों लॉज में रहकर तैयारी करते हैं। मामा जयराम शर्मा अंकित का रूममेट भी था, लेकिन 7 जनवरी को वह अपने भाई के यहां जबलपुर चला गया है।

इस कारण 3 दिनों से अंकित कमरे में अकेला ही रह रहा था। जबकि उसका मौसेरा भाई इशु बगल के कमरे में रहता है। मौसेरे भाई के मुताबिक, रविवार सुबह में अंकित जगा था। उससे मुलाकात भी हुई थी। इसके बाद वह कमरे में चला गया। जब देर तक दरवाजा नहीं खोला तो शक हुआ।

खिड़की से झांक कर देखा तो उसने भीतर फांसी लगा ली थी। इसके बाद मामा जयराम को मोबाइल पर सूचना दी। जयराम ने अपने बहन-बहनोई को अंकित के आत्महत्या की जानकारी दी। पिता ने बताया कि रात में अंकित की उसकी मम्मी से मोबाइल पर बात हुई थी। लेकिन उसने ऐसा कुछ भी नहीं बताया था। 4 जनवरी को अंकित गांव से भागलपुर लौटा था। उसने आत्महत्या क्यों की, इसकी जानकारी नहीं है।

अंकित के मोबाइल में दोस्त दर्शन के थे 25 मिस्ड कॉल
पुलिस की जांच में आया है कि अंकित के मोबाइल में उसके दोस्त दर्शन का भी 25 मिस्ड कॉल था। सभी मिस्ड कॉल सुबह 5 से 7 के बीच का था। दर्शन भी मुन्ना लॉज में इशु के साथ उसके कमरे में रहता है। पुलिस ने दर्शन से पूछताछ की तो उसने बताया कि अंकित दरवाजा नहीं खोल रहा था, इस कारण उसके मोबाइल पर बार-बार कॉल कर रहे थे।

भागलपुर भेजे थे, ताकि मेरी तरह मजदूरी नहीं करे : पिता
मृतक के पिता प्रदीप शर्मा ने बताया कि उनका बेटा अंकित पढ़ने में सामान्य था। संग्रामपुर में अच्छी ट्यूशन या कोचिंग नहीं थी। इस कारण उसे तैयारी के लिए भागलपुर भेजा था। कारपेंटर का काम करके जो मजदूरी मिलती थी, उससे अपना पेट काट कर अंकित को पढ़ाई का खर्च भेजते थे, ताकि वह पढ़-लिख कर कम से कम प्राइवेट नौकरी करने लायक भी बन जाए और मेरी तरह मजदूरी नहीं करे।

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